अलीगढ़

शहर के ड्रैनेज सिस्टम को प्रभावी बनाने के कवायद हुई तेज़-

 मार्च में छर्रा अड्डा, कालीदह पोखर, महेंद्र नगर के आस पास स्मार्ट ड्रैनेज सिस्टम की मिलेगी सौग़ात

जलनिकासी पर पड़ेगा बड़ा प्रभाव-पहले छर्रा अड्डा की 10 एमएलडी से बढ़ाकर 130 एमएलडी होगी -कालीदह की पहले 0.5 एमएलडी से बढ़कर 8 एमएलडी जल निकासी की क्षमता होगीकई कई दिनों के जल भराव की समस्या के समय में होगा रिकॉर्ड बदलाव-दोनों नए पम्पिंग स्टेशन की लगभग 13 से 16 गुना बढ़ जाएगी जल निकासी की क्षमताछर्रा अड्डा और महेंद्र नगर की बरसो पुरानी जलभराव की समस्या होगी दूर-नगर आयुक्त ने दोनों प्रोजेक्ट को मार्च तक पूर्ण करने दी डेडलाइननगर आयुक्त ने किया निरीक्षण-सीएनडीएस जल निगम की निर्माणधीन परियोजनाओं का नगर आयुक्त ने किया भौतिक सत्यापननगर आयुक्त/सीईओ अलीगढ़ स्मार्ट सिटी लिमिटेड प्रेम प्रकाश मीणा ने स्मार्ट सिटी मिशन के तहत लगभग 62 करोड़ रुपये की लागत से शहर को जलभराव से निजात दिलाने की बहुप्रतीक्षित ड्रेनेज सिस्टम परियोजना के अंतर्गत छर्रा अड्डा, पला और कालीदह पोखर क्षेत्र में सम्पवेल निर्माण व राइजिंग मेन डालने का कार्य निरीक्षण करते हुए सीएनडीएस के परियोजना प्रबंधक व ठेकेदार को दो टूक लफ्जों में मार्च 2026 तक प्रत्येक दशा में दोनों स्थान पर परियोजना को कंप्लीट करने डेडलाइन निर्धारित की है।शुक्रवार को नगर आयुक्त ने मुख्य अभियंता वी.के. सिंह, अधिशासी अभियंता बिजेन्द्र पाल सिंह व स्मार्ट सिटी के इंजीनियरों के साथ छर्रा अड्डा पुल के नीचे सीएनडीएस द्वारा निर्माणाधीन 130 एमएलडी क्षमता के सम्पवेल और कालीदह पोखर के पास 8.64 एमएलडी क्षमता के सम्पवेल का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण सामग्री की गुणवत्ता और तकनीकी मानकों का भी मौके पर सत्यापन किया।

♦️जलनिकासी के समय में होगा रिकॉर्ड बदलाव♦️

नगर आयुक्त ने बताया कि इन दोनों नए पम्पिंग स्टेशनों के क्रियाशील होने से जलनिकासी के समय में रिकॉर्ड बदलाव आएगा। जहाँ अब तक पहले छर्रा अड्डा की 10 एमएलडी की क्षमता से जलनिकासी होती थी अब बढ़ाकर 130 एमएलडी हो जाएगी वहीं कालीदह की पहले 0.5 एमएलडी की क्षमता से जलनिकासी होती थी बढ़कर 8 एमएलडी जल निकासी की क्षमता हो जाएगी। निश्चित रूप से इन दोनों पंपिंग स्टेशनों की वजह से जल निकासी में बड़ा सुधार आएगा जहां दो से तीन दिन तक जल भराव की समस्या से नागरिक परेशान होते थे वहीं अब बारिश में दो से 3 घंटे में इन दोनों पंपिंग स्टेशन के आसपास के जल भराव के परंपरागत क्षेत्र से जल निकासी सम्भव हो सकेगी।निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि परियोजना के सभी मार्च 2026 तक हर हाल में पूर्ण किए जाएँ। उन्होंने कहा कि मार्च 2026 अंतिम डेडलाइन है। छर्रा अड्डा और कालीदह में निर्मित होने वाले सम्पवेल क्रियाशील होने के बाद इन दोनों क्षेत्र में बरसों पुरानी जल भराव की समस्या में सुधार होगा और नागरिकों को निश्चित रूप से राहत मिलेगी।नगर आयुक्त ने निर्देश दिए कि निर्माण सामग्री का प्रतिदिन भौतिक सत्यापन किया जाए तथा प्रत्येक साइट का सुबह और शाम दो बार निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। साथ ही संबंधित ठेकेदारों को भी समयसीमा का कड़ाई से पालन करने और मानक गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया।

JNS News 24

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