
अलीगढ़ जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार उत्तर प्रदेश विधान परिषद के विभिन्न स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक निर्वाचन-2026 के लिए 23 अक्टूबर 2026 को मतदान होगा। मतदान के दौरान प्रतिरूपण रोकने के लिए मतदाताओं को अपनी पहचान प्रमाणित करना अनिवार्य होगा। उन्होंने बताया कि जिन मतदाताओं को फोटोयुक्त मतदाता पहचान पत्र जारी किया गया है, उन्हें मतदान से पूर्व अपनी पहचान के लिए मतदाता फोटो पहचान पत्र प्रस्तुत करना होगा। यदि कोई मतदाता मतदाता पहचान पत्र प्रस्तुत नहीं कर पाता है तो आयोग द्वारा निर्धारित वैकल्पिक पहचान दस्तावेजों में से कोई एक प्रस्तुत कर मतदान कर सकेगा।
वैकल्पिक पहचान दस्तावेजों में आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, केंद्र/राज्य सरकार, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्थानीय निकायों अथवा निजी औद्योगिक संस्थानों द्वारा जारी सेवा पहचान-पत्र तथा सांसद, विधायक एवं पार्षदों को जारी सरकारी पहचान-पत्र शामिल हैं। इसके अतिरिक्त संबंधित शिक्षक/स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के निर्वाचक को उसके शैक्षिक संस्थान द्वारा जारी सेवा पहचान-पत्र, विश्वविद्यालय द्वारा जारी डिग्री/डिप्लोमा का मूल प्रमाण-पत्र, सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी दिव्यांगता संबंधी मूल प्रमाण-पत्र अथवा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी यूडीआईडी कार्ड प्रस्तुत करने की अनुमति होगी। जिला निर्वाचन अधिकारी ने सभी संबंधित मतदाताओं से अपील की है कि मतदान के दिन निर्धारित पहचान दस्तावेज साथ लेकर आएं, ताकि पहचान सत्यापन की प्रक्रिया सुगम रूप से पूरी हो सके और वे अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।



