प्रभावित अथवा संभावित भूमि के लिए एनएचएआई से एनओसी जरूरी, सर्वे रिपोर्ट शासन को भेजी गई
रिंग रोड की जमीन पर खरीद-बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित नहीं

अलीगढ़ : अलीगढ़ रिंग रोड परियोजना को लेकर भूमि की खरीद-बिक्री के संबंध में आमजन में बनी असमंजस की स्थिति को स्पष्ट करते हुए नगर मजिस्ट्रेट/विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी डॉ. अतुल गुप्ता ने बताया कि परियोजना से प्रभावित अथवा संभावित रूप से प्रभावित भूमि की खरीद-बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध नहीं है। ऐसी भूमि से संबंधित राजस्व एवं पंजीयन कार्यवाही के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण से अभिमत, अनापत्ति प्राप्त करने की व्यवस्था की गई है।उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा 24 जून 2026 को राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम,1956 की धारा 3(क) के अंतर्गत अलीगढ़ रिंग रोड (किमी 0.00 से किमी 33.38) के लिए भूमि अर्जन की कार्यवाही संबंधी अधिसूचना जारी की गई थी। परियोजना में गभाना तहसील के 10 और कोल तहसील के 27, कुल 37 गांव सम्मिलित हैं।एनएचएआई, परियोजना क्रियान्वयन इकाई अलीगढ़ के अनुरोध पर 9 जुलाई 2026 को संबंधित उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों, उप निबंधकों एवं सहायक महानिरीक्षक स्टाम्प को निर्देशित किया जा चुका है कि परियोजना से प्रभावित एवं संभावित रूप से प्रभावित भूमि के संबंध में भूमि उपयोग परिवर्तन, उपविभाजन, नामांतरण, विक्रय विलेख, उपहार विलेख, बंधक, विनिमय आदि कार्य एनएचएआई का आवश्यक अभिमत या अनापत्ति प्राप्त किए बिना न किए जाएं।सर्वे पूरा, शासन को भेजी गई रिपोर्टडॉ. गुप्ता ने बताया कि एनएचएआई द्वारा संबंधित भूमि का स्थानीय स्तर पर सर्वे पूरा कर रिपोर्ट शासन को भेजी जा चुकी है। शासन से अनुमोदन प्राप्त होने के बाद नियमानुसार अधिसूचना का प्रकाशन होगा। इसके बाद परियोजना से प्रभावित गाटों की स्थिति गाटावार स्पष्ट हो सकेगीउन्होंने बताया कि वर्तमान में गाटावार अंतिम स्थिति शासन स्तर से अधिसूचना जारी होने पर स्पष्ट होगी। इसलिए प्रभावित अथवा संभावित रूप से प्रभावित भूमि के संबंध में एनएचएआई की एनओसी की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।आमजन को उपलब्ध कराई जाएगी स्पष्ट जानकारीनगर मजिस्ट्रेट ने बताया कि आमजन को एनओसी की प्रक्रिया की स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराने के लिए संबंधित तहसील एवं पंजीयन अधिकारियों को पुनः निर्देशित किया जाएगा, जिससे भूमि स्वामियों एवं क्रेताओं को अनावश्यक असमंजस का सामना न करना पड़े उन्होंने आमजन से अपील की कि रिंग रोड परियोजना से संबंधित भूमि के संबंध में किसी भी प्रकार की खरीद-बिक्री अथवा अन्य राजस्व अथवा पंजीयन कार्यवाही से पहले संबंधित तहसील कार्यालय एवं एनएचएआई से आवश्यक जानकारी प्राप्त कर नियमानुसार कार्यवाही करें।


