खतौनियों में गड़बड़ियां बर्दाश्त नहीं होंगीं
राजस्व अभिलेखों में गड़बड़ियों पर डीएम का सख्त रुख, पूरी राजस्व टीम को दिए कड़े निर्देश

अलीगढ़ : जिले में खतौनी एवं अन्य राजस्व अभिलेखों में सामने आ रही गड़बड़ियों को लेकर जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने सख्त रुख अपनाते हुए पूरी राजस्व मशीनरी को जवाबदेह बना दिया है। डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक और लेखपाल अपने-अपने क्षेत्रों में अभिलेखों का शत-प्रतिशत सत्यापन सुनिश्चित करें और किसी भी प्रकार की त्रुटि मिलने पर उसे तत्काल प्रभाव से ठीक कराएं।जिलाधिकारी ने कहा कि खतौनी, खसरा, विरासत, नामांतरण, अंश निर्धारण एवं गाटा संख्या से संबंधित प्रविष्टियां पूरी तरह सही और अद्यतन होना अनिवार्य है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी अधिकारी फील्ड में जाकर स्थलीय जांच करें और शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण सुनिश्चित करें, ताकि किसानों को बार-बार तहसील के चक्कर न लगाने पड़ें।डीएम अविनाश कुमार ने राजस्व अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि किसी भी कर्मचारी की लापरवाही, अनियमितता या जानबूझकर की गई त्रुटि सामने आती है तो उसके विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि प्रत्येक शिकायत का निस्तारण समयबद्ध और पारदर्शी ढंग से किया जाए और शिकायतकर्ता को संतुष्ट करना प्राथमिकता हो।उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि तहसील स्तर पर विशेष अभियान चलाकर राजस्व अभिलेखों का गहन सत्यापन कराएं और नियमित मॉनिटरिंग के साथ प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा करें। डीएम ने कहा कि किसी भी स्तर पर समस्या लंबित न रहे, इसके लिए जवाबदेही तय की जाए और कार्य में तेजी लाई जाए।जिलाधिकारी ने दोहराया कि शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शी, त्रुटिरहित एवं जवाबदेह राजस्व व्यवस्था स्थापित करना सर्वाेच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता किसानों को राहत देना है और इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।



