अलीगढ़

नगर आयुक्त ने निगम ठेकेदारों को सड़क सुरक्षा व निर्माण कार्यो में सुरक्षा व सावधानी का पढ़ाया पाठ

कल्याण सिंह हैबिटेट में चली मैराथन बैठक में नगर आयुक्त ने निगम ठेकेदारों को दी नसीहत

नगर आयुक्त की दो टूक चेतावनी-निर्माण स्थल पर बिना सुरक्षा उपकरणों के नही होगा कोई भी निर्माण कार्य-निर्माण साइट पर लापरवाही व बिना पर्याप्त सुरक्षा व लेबर के बिना ड्रेस, हेलमेट पहने निर्माण कार्य करना पड़ेगा भारीकल्याण सिंह हैबिटेट में चली मैराथन बैठक में नगर आयुक्त ने निगम ठेकेदारों को दी नसीहत-अब बिना सुरक्षा उपकरणों के ठेकेदारों को काम करना पड़ेगा महंगाकोई भी अप्रिय घटना/अनहोनी होने व सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता में लापरवाही पर फर्म होगी ब्लैकलिस्टेड, अनुबंध होगा निरस्त व जमानत धनराशि होगी ज़ब्तनगर निगम क्षेत्र में संचालित निर्माण कार्यों के दौरान श्रमिकों की सुरक्षा एवं आमजन की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने मंगलवार को कल्याण सिंह हैबिटेट सेंटर के सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की।बैठक में नगर निगम के निर्माण विभाग, जलकल विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों तथा पंजीकृत ठेकेदारों को नगर आयुक्त द्वारा स्पष्ट एवं कड़े निर्देश जारी किए गए।बैठक में नगर आयुक्त ने दो टूक शब्दों में कहा कि किसी भी निर्माण स्थल पर बिना सुरक्षा उपकरणों के कार्य कराना पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। यदि कोई ठेकेदार या संबंधित फर्म बिना आवश्यक सुरक्षा मानकों का पालन किए निर्माण कार्य करती पाई जाती है, तो उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी स्थिति में संबंधित फर्म को ब्लैकलिस्टेड करते हुए अनुबंध निरस्त किया जाएगा तथा जमानत धनराशि भी जब्त कर ली जाएगी।बैठक में नगर आयुक्त ने विशेष रूप से रात्रिकालीन कार्यों में सुरक्षा के महत्व पर बल देते हुए कहा कि अंधेरे में दृश्यता कम होने के कारण अतिरिक्त सावधानियां अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने निर्देशित किया कि सभी निर्माण स्थलों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाए जिसमें फ्लड लाइट टॉवर लाइट एवं पोर्टेबल लाइट की उपलब्धता अनिवार्य होगी इसके साथ ही ट्रैफिक कोन डायवर्जन साइन बोर्ड की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, जिससे यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रहे और दुर्घटनाओं की संभावना न्यूनतम हो।

नगर आयुक्त ने कहा कि रात्रि में कार्यरत श्रमिकों के लिए रिफ्लेक्टिव जैकेट पहनना अनिवार्य होगा, ताकि उनकी पहचान दूर से ही स्पष्ट हो सके। ठेकेदारों को निर्माण साइट पर सुरक्षा उपकरण जैसे एलईडी फ्लैशिंग लाइट, ब्लिंकर एवं रिफ्लेक्टिव टेप/कोन का उपयोग भी प्रत्येक निर्माण स्थल पर किया जाना अनिवार्य रहेगा।ऊँचाई पर कार्य करने वाले श्रमिकों की सुरक्षा के लिए सेफ्टी बेल्ट, हार्नेस एवं लाइफ लाइन रोप की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।बैठक में इसके अतिरिक्त निर्माण स्थल की समुचित बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेत बोर्ड की उपलब्धता भी अनिवार्य की गई है जिससे किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई संभव हो सके।नगर आयुक्त ने व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण (PPE) के उपयोग को अत्यंत आवश्यक बताते हुए कहा कि प्रत्येक नाला गैंग कर्मचारी व निर्माण श्रमिक को कार्य के दौरान सेफ्टी हेलमेट, सेफ्टी शूज, हाथ के दस्ताने एवं सेफ्टी गॉगल्स पहनना अनिवार्य होगा। उन्होंने कहा कि यह उपकरण न केवल श्रमिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं बल्कि कार्यस्थल पर अनुशासन एवं जिम्मेदारी का भी परिचायक हैं।उन्होंने यह भी कहा कि नाला सफाई या अन्य कार्यों के दौरान गड्ढों को खुला छोड़ना अथवा निर्माण सामग्री को असुरक्षित रूप से मार्ग पर रखना गंभीर लापरवाही मानी जाएगी। ऐसी स्थिति में यदि कोई अप्रिय घटना घटित होती है, तो संबंधित विभागाध्यक्ष/ठेकेदार/फर्म को पूर्णतः जिम्मेदार ठहराया जाएगा।बैठक के अंत में नगर आयुक्त ने सभी अधिकारियों एवं ठेकेदारों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने कार्यस्थलों पर तत्काल प्रभाव से सभी सुरक्षा मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करें।

JNS News 24

Related Articles

error: Content is protected !!