अलीगढ़

डीएम की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा बैठक संपन्न

डीसी एनआरएलएम श्रीमती मंजू त्रिवेदी द्वारा जिले की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई

 अलीगढ़ : जिलाधिकारी संजीव रंजन की अध्यक्षता में कलैक्ट्रेट सभागार में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत संचालित प्रेरणा कार्यक्रम की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 में मिशन के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्यों की प्रगति, योजनाओं की दक्षता, क्रियान्वयन में पारदर्शिता तथा जमीनी प्रभाव का समग्र मूल्यांकन किया गया।डीसी एनआरएलएम श्रीमती मंजू त्रिवेदी द्वारा जिले की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। उन्होंने अवगत कराया कि c हैं। इन समूहों से 1,78,173 महिलाएं सशक्तिकरण की दिशा में सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं।उन्होंने बताया कि जिले में 48,210 लखपति दीदियों की पहचान की गई है, जो आजीविका के विभिन्न मॉडल्स में सफलता का उदाहरण बन रही हैं। 178 विद्युत सखियाँ भी तकनीकी सशक्तिकरण के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में प्रभावी भूमिका निभा रही हैं। युवा उद्यमी योजना के अंतर्गत 1,103 लक्ष्यों के विरुद्ध 152 आवेदनों को स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है। साथ ही, एनआरएलएम की राज्यस्तरीय प्रगति रिपोर्ट में अलीगढ़ जनपद को 33वाँ स्थान प्राप्त हुआ है।वित्तीय समावेशन एवं बैंक लिंकेज की समीक्षा के दौरान बताया गया कि 6,020 के लक्ष्य के सापेक्ष 3,055 आवेदन बैंक को भेजे गए, जिनमें से 2,249 स्वीकृत तथा 2,048 वित्त पोषित किए गए हैं, जबकि 201 आवेदन लंबित हैं। जिलाधिकारी ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि लक्ष्य के सापेक्ष 75 प्रतिशत आवेदन सितंबर मासांत तक स्वीकृत एवं वित्त पोषित कराए जाएं। बैंकर्स की उदासीनता की स्थिति में एलडीएम के माध्यम से तत्काल समन्वय स्थापित कर समूहों को लाभान्वित किया जाए।बैठक में ब्लॉक मैनेजर्स द्वारा बैंक द्वारा सिविल चार्ज वसूली की समस्या को उठाया गया, जिस पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि ऐसी वसूली न की जाए, यदि तकनीकी त्रुटि से राशि कटी हो तो उसे वापस किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीसीएल फंड में धन की कोई कमी नहीं है, बस उसका सदुपयोग किया जाना चाहिए। प्रोफाइल रिपोर्ट अप्रूवल में लंबित मामलों को शीघ्र समाप्त करने, स्टार्ट-अप फंड पात्र समूहों को शीघ्र प्रदान करने तथा ब्लॉक स्तरीय बैठकों में जिला स्तरीय अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।जिलाधिकारी श्री रंजन ने कहा कि ”एनआरएलएम की प्रभावी मॉनिटरिंग और योजनाओं का निष्पादन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने में सक्षम है।” उन्होंने चेतावनी दी कि जो ब्लॉक मिशन मैनेजर कार्य में लापरवाही कर रहे हैं, उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बैठक में सामुदायिक संसाधन समूहों एवं प्रशिक्षण की प्रगति, रोजगारपरक प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट योजनाएं, सी.आई.एफ., वी.आर.एफ. फंड की स्थिति, आजीविका संवर्द्धन, महिला सशक्तिकरण एवं क्लस्टर योजनाएं, योजनागत लक्ष्य, फंडिंग एवं क्रियान्वयन में एकरूपता, मिशन निदेशक द्वारा जारी संशोधित गाइडलाइन के आलोक में योजनाओं की पुनर्समीक्षा भी की गई।बैठक में पीडी डीआरडीए भाल चंद त्रिपाठी, एलडीएम सुरेश सोनी, खण्ड विकास अधिकारीगण, डीएमएम, बीएमएम, बैंक प्रतिनिधि, एवं विभिन्न विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

JNS News 24

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