फार्मर आईडी है तो बिना पंजीकरण भी बेच सकेंगे उपज
किसानों को खाद की किल्लत न होने दें अधिकारी -सीडीओ

अलीगढ़ किसानों को अपनी उपज बेचने में सहूलियत देने के साथ रबी की बुवाई के दौरान खाद और बीज की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर प्रशासन ने जोर दिया है। मुख्य विकास अधिकारी योगेंद्र कुमार ने कहा कि फार्मर आईडी बनवा चुके किसान बिना पंजीकरण के भी अपनी फसल उपज की बिक्री कर सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों को किसानों की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान करने और उर्वरक की उपलब्धता व वितरण व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। विकास भवन में आयोजित किसान दिवस की बैठक में सीडीओ ने बताया कि प्रदेश सरकार ने किसानों को फसल उत्पाद की बिक्री के लिए पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई है। जिन किसानों की फार्मर आईडी बन चुकी है, वे बिना अलग से पंजीकरण कराए भी अपनी उपज बेचकर संबंधित योजनाओं का लाभ उठा सकते हैं।बैठक में किसानों की समस्याओं और शिकायतों पर चर्चा के दौरान जिला खाद्य विपणन अधिकारी सुनील भारती ने बताया कि धान के साथ बाजरा और मक्का की खरीद के लिए भी क्रय केंद्र संचालित हैं। जिला कृषि अधिकारी धीरेंद्र कुमार चौधरी ने गेहूं के बीज की उपलब्धता की जानकारी देते हुए किसानों को प्रमाणित बीज ही बोने की सलाह दी। जिला उद्यान अधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि ऑनलाइन आवेदन और डीबीटी के माध्यम से सब्सिडी पर आलू बीज का वितरण किया जा रहा हैमंडियों में टिन शेड का मिले लाभ, खाद के लिए न भटकें किसान: सीडीओ योगेंद्र कुमार ने मंडी सचिवों को निर्देश दिए कि मंडियों में उपलब्ध टिन शेड का लाभ किसानों को उनकी उपज सुरक्षित रखने के लिए मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान में आलू की बुवाई चल रही है और गेहूं की बुवाई भी शुरू होने वाली है। ऐसे में किसानों को उर्वरक की उपलब्धता को लेकर किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
किसानों की शिकायतों का संज्ञान लेते हुए सीडीओ ने सहायक निबंधक सहकारिता नागेन्द्र पाल सिंह को कार्यशैली और व्यवहार में सुधार लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक सहकारी समिति पर पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध रहनी चाहिए। जिन समितियों पर उर्वरक समाप्त हो गया है, वहां समय से आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि किसानों को खाद के लिए इधर-उधर न भटकना पड़ेसीडीओ ने स्पष्ट किया कि जिले में खाद की कमी नहीं है, बल्कि जरूरत उपलब्धता और वितरण व्यवस्था के बेहतर प्रबंधन की है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि किसानों की वास्तविक जरूरत के अनुसार उर्वरक की आपूर्ति सुनिश्चित करें और उनकी शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही न बरतें। किसान दिवस में चौ0 नवाब सिंह, डॉ0 शैलेन्द्र पाल सिंह, राजपाल सिंह, राजपाल सिंह, संतोष कुमार, देवराज सिंह, बबलू शर्मा, सतेन्द्र सिंह, प्रमोद कुमार, राजपाल शर्मा, कुलदीप सिंह, कैप्टन हरपाल सिंह, अजयपाल सिंह, राकेश कुमार, मुकेश सहित अन्य किसान एवं अधिकारीगण उपस्थित रहे।



