श्रावण मास, कांवड़ यात्रा, चेहल्लुम एवं बारावफात के दृष्टिगत डीएम-एसएसपी ने आयोजकों के साथ की बैठक
पुलिस, प्रशासनिक एवं विभागीय अधिकारियों को आपसी समन्वय से सभी व्यवस्थाएं पूर्ण करने के दिए निर्देश

अलीगढ़जिलाधिकारी अविनाश कुमार एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन द्वारा कलैक्ट्रेट सभागार में श्रावण मास एवं चेहल्लुम व बारावफात के दृष्टिगत जिले में स्वच्छता, पेयजल आपूर्ति, विद्युत व्यवस्था एवं कानून-शान्ति व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के साथ ही आयोजकों एवं पीस कमेटी के सदस्यों द्वारा प्रतिभाग कियागयाबैठक का संचालन करते हुए एडीएम सिटी किंशुक श्रीवास्तव ने बताया कि 30 जुलाई से आरम्भ हो रहे श्रावण मास में प्रथम 03 अगस्त को चेहल्लुम व प्रथम सोमवार, 10 अगस्त को द्वितीय सोमवार, 11 अगस्त को शिवरात्रि, 17 अगस्त को नागपंचमी एवं तृतीय सोमवार, 24 अगस्त को चतुर्थ सोमवार एवं 26 अगस्त को वाराबफात के महत्वपूर्ण पर्वों का आयोजन होना है।बैठक में जिलाधिकारी ने खेरेश्वर धाम, अचलेश्वर, भूमिया बाबा मंदिर, शिव मंदिर बिजौली से आए आयोजकों से सुझाव एवं समस्याओं के संबंध में चर्चा की गई जिस पर आयोजकों ने मंदिरों के आसपास समुचित प्रकाश, पेयजल एवं सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित कराने की बात कही जिस पर संबंधित अधिकारियों द्वारा समुचित व्यवस्थाओं के प्रति आश्वस्त किया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि विगत त्योहारों में भी आप सभी ने पुलिस-प्रशासन का भरपूर सहयोग किया और शांतिपूर्ण वातावरण में सभी आयोजन संपन्न हुए इसी प्रकार आगामी त्योहारों में भी सक्रिय सहयोग अपेक्षित है। उन्होंने स्पष्ट किया कि श्रावण मास में आयोजित होने वाली काबड़ यात्रा को सुरक्षित एवं दुर्घटनामुक्त रखने के लिए मा0 मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव एवं डीजीपी द्वारा स्वयं उच्च स्तरीय मॉनिटरिंग की जा रही है। उन्होंने सभी एसडीएम एवं सीओ को निर्देशित किया कि शांति समिति की बैठक आयोजित करने के साथ ही काबड़ यात्रा मार्ग का स्थलीय भ्रमण कर पाई गई कमियों को संबंधित अधिकारियों के माध्यम से समय से दुरूस्त कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को सभी स्वास्थ्य केंद्रों सहित विभिन्न स्थानों पर लगाए जाने वाले शिविरों में दवाओं के साथ ही अनिवार्य रूप से एंटी स्नेक वेनिम एवं एंबुलेंसों में सभी प्रकार की जीवन रक्षक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने एडीएम सिटी को निर्देशित किया कि सुरक्षित काबड़ यात्रा के लिए सेक्टर स्कीम लागू कर उसमें विद्युत, पीडब्लूडी, नगर निगम, एडीओ पंचायत एवं संबंधित क्षेत्र के एसडीएम, तहसीलदार, सीओ, एसएचओ को शामिल कर उत्तरदायित्व निर्धारित करें। उन्होंने शनिवार एवं रविवार की नाईट पेट्रालिंग टीम में अनिवार्य रूप से एक इलैक्ट्रीशिन को भी साथ रखने के निर्देश दिए ताकि विद्युत संबंधी समस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित हो सके। उन्होंने नगर निगम, सभी नगर निकायों, पीडब्लूडी, एक्सईएन विद्युत एवं डीपीआरओ को निर्देशित किया कि प्रमुख बाजारों, मंदिरों एवं भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर विशेष साफ-सफाई सुनिश्चित कराई जाए। शहरी क्षेत्रों के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में भी काबड़ यात्रा मार्गो पर जर्जर विद्युत लाइनों, क्षतिग्रस्त पोलों, सड़कों के की गढड़ामुक्ति के साथ ही जल भराव, की समस्या को जल्द से जल्द दूर किया जाए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को स्पष्ट किया कि डीजे की ऊॅचाई किसी भी स्तर से 10 फीट से अधिक न हो, इसके लिए पूर्व से ही डीजे संचालकों के साथ बैठक कर शासन के दिशा-निर्देशो से अवगत करा दें। उन्होंने शहरी के साथ ही विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों से निकलने वाली डाक काबड़ यात्रा को भी सूचीबद्ध करने के साथ ही सुगम यातायात के लिए लागू किए जाने वाले रूट डायवर्जन का भी कड़ाई से अनुपालन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे आपसी समन्वय से कार्य करें और किसी भी प्रकार की समस्या आने पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें, ताकि पर्वों के दौरान नागरिकों को किसी भी असुविधा का सामना न करना पड़े। शिविर स्थापना मार्ग से हट कर किनारे बाईं तरफ की जाए ताकि आवागमन में परेशानी न हो। खाद्य सुरक्षा एवं अग्निशमन अधिकारियों को हर प्रकार से तैयार रहने और समय से पूर्व शिविर एवं खाद्यान्न की जाँच करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी अपनी-अपनी जिम्मेदारी समझते हुए टीम भावना के साथ कार्य करें। एसपी ट्रैफिक ने कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए प्रमुख मार्गों पर साइनेज, प्रकाश व्यवस्था एवं बैरियर का कार्य समय से पूर्ण करने की बात कही।



