हर घर तक पाइप्ड गैस पहुंचाने की तैयारी तेज, डीएम ने दिए प्रभावी निर्देश
गैस एजेंसियों को शादी सीजन में गैस आपूर्ति बढ़ाने के निर्देश

अलीगढ़ : जिलाधिकारी संजीव रंजन की अध्यक्षता में कलैक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क की स्थापना एवं प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गैस एजेंसियों एवं संबंधित अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में सीएनजी एवं पीएनजी कनेक्शन के विस्तार, आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था के साथ-साथ घरेलू एवं व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की उपलब्धता पर विस्तृत चर्चा की गई।
जिलाधिकारी ने गैस एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शादी-विवाह के सहालग को दृष्टिगत रखते हुए गैस सिलेंडरों की आपूर्ति में किसी प्रकार की कमी न रहे। उन्होंने जिला पूर्ति अधिकारी सत्यवीर सिंह को निर्देशित किया कि मांग के अनुरूप मानकों के तहत गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
बैठक में एलपीजी कनेक्शन सरेंडर कर पीएनजी एवं सीएनजी अपनाने के लाभों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि प्रथम चरण में औद्योगिक इकाइयों, होटल्स, बड़े आवासीय कॉलोनियों एवं अस्पतालों को प्राथमिकता के आधार पर पीएनजी कनेक्शन से जोड़ा जाए, जिससे स्वच्छ ईंधन के उपयोग को बढ़ावा मिल सके। लोगों को पीएनजी के फायदे और उपयोग की सुविधा एवं निरन्तर आपूर्ति के बारे में जागरूक भी किया जाए।
इस दौरान इंडियन ऑयल अडानी गैस के एरिया हेड आलोक गिरि ने जानकारी दी कि गेल की पाइपलाइन बुलंदशहर, अनूपशहर, डिबाई होते हुए मंजूरगढ़ी के रास्ते शहर में प्रवेश कर चुकी है और पनेठी तक विस्तारित की जा चुकी है। जिले में लगभग 400 किलोमीटर लंबी सीएनजी एवं पीएनजी पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। 8000 घरेलू कनेक्शन के सापेक्ष 4000 कनेक्शन उपलब्ध कराए जा चुके हैं, जबकि करीब 1000 उपभोक्ता वर्तमान में सेवा का लाभ ले रहे हैं। उन्होंने बताया कि मंजूरगढ़ी, महेशपुर, धौर्रा माफी, वैष्णो एन्क्लेव, इंजीनियरिंग कॉलोनी, सुखरावली, ओजोन सिटी, सागवान सिटी, स्वर्ण जयंती नगर, ज्ञान सरोवर, विक्रम कॉलोनी एवं मैरिस रोड क्षेत्र के निवासी पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन कर सकते हैं। वहीं तालानगरी औद्योगिक क्षेत्र एवं यूपीएसआईडीसी क्षेत्रों में भी कनेक्शन प्रदान किए जा रहे हैं।
पीएनजी के फायदों पर प्रकाश डालते हुए बताया गया कि यह 24 घंटे उपलब्ध रहने वाला, सुरक्षित, किफायती एवं पर्यावरण के अनुकूल ईंधन है। इससे सिलेंडर लाने-ले जाने की समस्या समाप्त होती है और उपयोग के बाद भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध है। घरेलू उपभोक्ताओं के कनेक्शन के लिए नगद के साथ-साथ ईएमआई विकल्प भी उपलब्ध है। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिन क्षेत्रों में पीएनजी पाइपलाइन पहुंच चुकी है, वहां शीघ्रता से कनेक्शन उपलब्ध कराए जाएं और नए एलपीजी कनेक्शन जारी न किए जाएं। विकास प्राधिकरण को निर्देशित किया गया कि नए भवन मानचित्रों की स्वीकृति में पीएनजी प्रावधान अनिवार्य रूप से शामिल किया जाए। इसके अतिरिक्त एआरटीओ को निर्देश दिए गए कि वाहनों, विशेषकर स्कूली वाहनों को सीएनजी में परिवर्तित करने के लिए जागरूक किया जाए, जिससे प्रदूषण नियंत्रण में सहायता मिल सके। लोक निर्माण विभाग द्वारा सुझाव दिया गया कि जिन क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाई जानी है, वहां पूर्व सूचना उपलब्ध कराई जाए, ताकि सड़क निर्माण कार्य समन्वित ढंग से किया जा सके।
जिलाधिकारी ने बैठक के अंत में सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि शासन की मंशा के अनुरूप विभागीय समन्वय के साथ सीजीडी नेटवर्क का विस्तार तेजी से किया जाए, जिससे जनसामान्य को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुलभ ईंधन उपलब्ध कराया जा सके और पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्यों को भी प्रभावी रूप से प्राप्त किया जा सके।
बैठक में एडीएम सिटी किंशुक श्रीवास्तव, ओएसडी एडीए अतुल आनन्द, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, मुख्य अभियंता लोनिवि, एआरटीओ, एएमए जिला पंचायत एवं अन्य विभागीय अधिकारी व गैस एजेंसी एचपीसीएल से राहुल शर्मा, बीपीसीएल से आदर्श शुक्ला, आईओसीएल से वसीम राजा उपस्थित रहे।



